आज रूस ने कर दिया हमला,
आज कियेव पे भारी बम गिरा,
आज जंग का दौर शुरू हुआ,
मंद दुनिया का बाज़ार हुआ,
आज बख्श दो यूक्रेन ने कहा,
आज रूस ने उसपे हमला किया,
कैसी कहानी कैसा भी क़िस्सा,
जंग से होता भला किसका भला?
हज़ारों दहशत में सैकड़ों स्वाहा,
ये कैसा है इंसानियत का दावा,
हैं इंसान ही यूक्रेन हो या रशिया,
अहम के सिवा नहीं कोई मसला,
दौर मुश्क़िल समझने समझाने का,
सुलझे ना कुछ भी मुहब्बत के सिवा,
काम है बस इतना कि चोट पहुंचाना,
घायल शरीर को लहूलुहान कर जाना,
इतनी गुज़ारिश है कर रहा ज़माना,
इकदूजे के मन पर मरहम लगाना,
जंग से भला हुआ नहीं किसी का,
जंग से बुरा नहीं कोई और हादसा,
“मनुशरद”
Copyright © by Manish Kumar Srivastava
Very true
Very true